
सभी कॉलेजों में नोडल अधिकारी होंगे नामित, बोनाफाइड व फीस स्ट्रक्चर के साथ इच्छुक विद्यार्थियों को भेजने की जिम्मेदारी तय
बांका:- उच्च शिक्षा के लिए आर्थिक मदद की जरूरत रखने वाले विद्यार्थियों तक बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना का लाभ पहुंचाने को लेकर जिला प्रशासन ने अब कॉलेज स्तर पर निगरानी और समन्वय बढ़ाने की कवायद शुरू कर दी है। जिला पदाधिकारी अंशुल अग्रवाल के निर्देश पर गुरुवार को जिला शिक्षा पदाधिकारी की अध्यक्षता में जिले के सभी कॉलेजों के प्राचार्यों के साथ बैठक आयोजित की गई। बैठक में योजना के वार्षिक लक्ष्य की प्रगति की समीक्षा करते हुए कॉलेजों को कई महत्वपूर्ण निर्देश दिए गए। बैठक का मुख्य फोकस योजना के लिए योग्य और इच्छुक विद्यार्थियों की पहचान कर उन्हें आवेदन की प्रक्रिया से जोड़ना रहा। इसके लिए जिले के सभी कॉलेजों को अपने संस्थान में एक नोडल अधिकारी नामित करने को कहा गया है। नोडल अधिकारी का नाम, मोबाइल नंबर और पदनाम जिला निबंधन एवं परामर्श केंद्र, बांका यानी DRCC को उपलब्ध कराना होगा। इससे कॉलेज और DRCC के बीच सीधे समन्वय के जरिए विद्यार्थियों के आवेदन को आगे बढ़ाने में मदद मिलेगी। प्रशासन ने कॉलेज प्रबंधन को निर्देश दिया कि संस्थान में अध्ययनरत ऐसे विद्यार्थी जो उच्च शिक्षा के लिए स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना का लाभ लेना चाहते हैं, उन्हें आवश्यक दस्तावेजों के साथ DRCC भेजा जाए। इसके लिए विद्यार्थियों के पास Bonafide Certificate और Fee Structure उपलब्ध कराना आवश्यक होगा। बैठक में स्नातक स्तर के कॉलेजों को भी महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई। सभी संबंधित कॉलेजों को वित्तीय वर्ष 2024-25 और 2025-26 में उत्तीर्ण छात्रों की सूची, उनके मोबाइल नंबर सहित, जिला निबंधन एवं परामर्श केंद्र, बांका को उपलब्ध कराने का निर्देश दिया गया है। इससे योजना के संभावित लाभार्थियों तक पहुंच बनाने और उन्हें उच्च शिक्षा के लिए उपलब्ध वित्तीय सहायता की जानकारी देने में सहूलियत होगी। बैठक के दौरान प्रबंधक, जिला निबंधन एवं परामर्श केंद्र, बांका की ओर से बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना की विस्तृत जानकारी दी गई। कॉलेज प्रतिनिधियों को योजना की प्रक्रिया और अद्यतन प्रावधानों से अवगत कराया गया। अधिकारियों ने कॉलेजों से अपेक्षा की कि वे विद्यार्थियों को योजना के बारे में जानकारी देने के साथ इच्छुक अभ्यर्थियों को आवेदन प्रक्रिया में सहयोग करें। दरअसल, आर्थिक कठिनाइयों के कारण कई विद्यार्थी 10वीं, 12वीं या स्नातक के बाद अपनी आगे की पढ़ाई जारी नहीं रख पाते हैं। ऐसे विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा से जोड़ने के उद्देश्य से बिहार सरकार द्वारा स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना संचालित की जा रही है। योजना के तहत पात्र विद्यार्थियों को आगे की पढ़ाई के लिए अधिकतम चार लाख रुपये तक का ब्याजमुक्त शिक्षा ऋण उपलब्ध कराने का प्रावधान है। प्रशासन की ओर से कॉलेजों को दिए गए निर्देशों का उद्देश्य योजना के वार्षिक लक्ष्य को गति देना और पात्र विद्यार्थियों तक इसका लाभ पहुंचाना है। अब कॉलेज स्तर पर नोडल अधिकारी की नियुक्ति, उत्तीर्ण छात्रों का डाटा उपलब्ध कराने और इच्छुक विद्यार्थियों को DRCC तक पहुंचाने की प्रक्रिया पर जोर रहेगा। बैठक से यह स्पष्ट हुआ कि योजना का लाभ केवल जानकारी के अभाव में किसी पात्र विद्यार्थी से दूर न रहे, इसके लिए कॉलेजों को सक्रिय भूमिका निभानी होगी। विद्यार्थियों को उच्च शिक्षा जारी रखने के लिए उपलब्ध इस वित्तीय सहायता से जोड़ने की जिम्मेदारी अब संस्थानों और DRCC के बीच बेहतर समन्वय के साथ आगे बढ़ाई जाएगी।









