
कैच द रेन के तहत वर्षाजल संचयन, चेक डैम निर्माण और जल जीवन मिशन में तेजी; युवाओं ने लिया स्वच्छता व नशामुक्ति का संकल्प
बांका:- बदलते मौसम और घटते भूजल स्तर के बीच बांका जिले की 182 पंचायतों में एक साथ आयोजित विशेष ग्राम सभाओं में जल संरक्षण को गांवों के विकास की प्राथमिकता बनाने पर जोर दिया गया। महिलाओं, किसानों, युवाओं और ग्रामीणों की भागीदारी में आयोजित इन बैठकों में स्थानीय जरूरतों के आधार पर योजनाओं के चयन के साथ जल संचयन, स्वच्छता, नशामुक्ति और पंचायतों में सुधार को लेकर सामूहिक निर्णय लिए गए। मंदार पर्वत और चांदन नदी से जुड़ी जल परंपराओं वाले बांका में ग्राम सभाओं के दौरान वर्षा की प्रत्येक बूंद को संरक्षित करने की आवश्यकता पर चर्चा हुई। ग्रामीणों ने स्थानीय जलस्रोतों के संरक्षण और पुराने जल संरचनाओं को फिर से उपयोगी बनाने पर विशेष जोर दिया।
आहर-पइन और तालाबों की होगी उड़ाही
कैच द रेन अभियान के तहत पंचायतों में पुराने आहर-पइन और तालाबों की उड़ाही एवं जीर्णोद्धार कराने का निर्णय लिया गया। इसके साथ ही पहाड़ी क्षेत्रों से आने वाले वर्षाजल को रोकने के लिए जरूरत के अनुसार चेक डैम और तालाबों के निर्माण पर भी जोर दिया गया। ग्राम सभाओं में यह बात प्रमुखता से सामने आई कि बारिश के पानी को बह जाने देने के बजाय स्थानीय स्तर पर संरक्षित किया जाए, ताकि जल उपलब्धता बढ़ाने के साथ भूजल स्तर को भी सहारा मिल सके।

हर घर नल और जलस्रोतों की सुरक्षा पर जोर
जल जीवन मिशन के तहत हर घर तक नल का पानी पहुंचाने के कार्य में तेजी लाने तथा उपलब्ध जलस्रोतों को प्रदूषण से बचाने पर भी चर्चा हुई। ग्रामीणों को जल का उपयोग सावधानी से करने और जलस्रोतों की साफ-सफाई बनाए रखने के प्रति जागरूक करने की बात कही गई। ग्राम सभाओं में विकास योजनाओं के चयन में स्थानीय जरूरतों को प्राथमिकता देने और ग्रामीणों की भागीदारी सुनिश्चित करने पर भी जोर रहा। महिलाओं, किसानों और युवाओं ने अपने-अपने क्षेत्रों की समस्याएं और सुझाव सामने रखे।
स्वच्छता के साथ नशामुक्ति का संकल्प
जल संरक्षण के साथ गांवों को स्वच्छ और स्वस्थ बनाने के लिए स्वच्छ भारत मिशन के तहत ठोस एवं तरल कचरा प्रबंधन व्यवस्था को प्रभावी बनाने, गलियों की नियमित सफाई और ODF स्थायित्व बनाए रखने पर चर्चा हुई। इसी क्रम में युवाओं और ग्रामीणों को नशामुक्ति की शपथ दिलाई गई। लोगों ने हाथ उठाकर नशे से होने वाले सामाजिक नुकसान के खिलाफ जागरूकता बढ़ाने और स्वस्थ समाज के निर्माण में अपनी भूमिका निभाने का संकल्प लिया।
लोक कला से गांव तक पहुंचा संदेश
विशेष ग्राम सभाओं के बाद पंचायतों में ‘रिफॉर्म उत्सव’ के माध्यम से ग्रामीण सुधारों और बेहतर पंचायत व्यवस्था को लेकर जागरूकता बढ़ाने की पहल की गई। लोक कला और गीतों के जरिए जल संचय, स्वच्छता तथा सामाजिक जागरूकता के संदेश को ग्रामीणों तक पहुंचाया गया। 182 पंचायतों में एक साथ हुई विशेष ग्राम सभाओं ने विकास की योजनाओं को ग्रामीण जरूरतों से जोड़ने का मंच दिया। जल संरक्षण से लेकर स्वच्छता और नशामुक्ति तक लिए गए सामूहिक संकल्पों के जरिए गांवों में जनभागीदारी आधारित विकास की दिशा को मजबूत करने की पहल की गई।


BANKA NEWS: 182 पंचायतों की







