गोगरी के विकास को लेकर सरपंच नूर आलम ने उठाई चार प्रमुख मांगें , रेल लाइन, विधानसभा क्षेत्र, अस्पताल में विशेषज्ञ चिकित्सक और रिंग बांध निर्माण की मांग

गोगरी (खगड़िया)। दैनिक बिहार पत्रिका।
गोगरी एवं आसपास के लोगों की वर्षों पुरानी समस्याओं और क्षेत्र के विकास से जुड़ी मांगों को लेकर रामपुर पंचायत के सरपंच नूर आलम ने केंद्र सरकार के कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग (डीओपीटी) के निदेशक को मांग पत्र सौंपा है। मांग पत्र के माध्यम से उन्होंने क्षेत्र की सुविधा और सुरक्षा से जुड़ी चार प्रमुख मांगों पर गंभीरता से विचार करने की अपील की है।

सरपंच नूर आलम ने पहली मांग महेशखूंट रेलवे स्टेशन से गोगरी-परबत्ता होते हुए सुल्तानगंज तक नई रेल लाइन के निर्माण की रखी है। उनका कहना है कि इस रेल लाइन के निर्माण से गोगरी और परबत्ता क्षेत्र के लोगों को बेहतर रेल सुविधा मिलेगी तथा महेशखूंट, मानसी और पसराहा की ओर जाने में लगने वाली अतिरिक्त दूरी और समय से लोगों को राहत मिल सकेगी।

दूसरी मांग में उन्होंने गोगरी अनुमंडल मुख्यालय को विधानसभा क्षेत्र बनाए जाने की मांग उठाई है। उन्होंने कहा कि गोगरी अनुमंडल मुख्यालय है और यहां विभिन्न प्रशासनिक एवं अन्य महत्वपूर्ण सुविधाएं उपलब्ध हैं। ऐसे में क्षेत्र की भौगोलिक एवं प्रशासनिक स्थिति को देखते हुए इसे अलग विधानसभा क्षेत्र बनाने पर विचार किया जाना चाहिए।

तीसरी मांग गोगरी अनुमंडलीय अस्पताल में विशेषज्ञ चिकित्सकों और आवश्यक स्वास्थ्यकर्मियों की कमी दूर करने से जुड़ी है। सरपंच ने कहा कि अस्पताल में सर्जन एवं अन्य विशेषज्ञ चिकित्सकों के साथ कर्मियों की कमी के कारण गंभीर मरीजों को बेहतर इलाज के लिए खगड़िया, बेगूसराय, पटना और भागलपुर जैसे शहरों की ओर जाना पड़ता है। उन्होंने अस्पताल में पर्याप्त चिकित्सक एवं स्वास्थ्यकर्मी उपलब्ध कराने की मांग की है।

बाढ़ से स्थायी सुरक्षा के लिए रिंग बांध की मांग

चौथी और महत्वपूर्ण मांग के रूप में नूर आलम ने गोगरी के बन्नी से परबत्ता के नयागांव तक ऊंचे रिंग बांध के निर्माण की मांग रखी है। उनका कहना है कि गोगरी क्षेत्र की कई पंचायतों के लाखों लोगों को प्रत्येक वर्ष बाढ़ की समस्या का सामना करना पड़ता है। रिंग बांध के निर्माण से बड़ी आबादी को बाढ़ से सुरक्षा मिल सकती है और जान-माल के नुकसान को कम किया जा सकता है।

बताया गया कि सरपंच नूर आलम ने अपनी मांगों से संबंधित पत्र पूर्व में खगड़िया के जिलाधिकारी रह चुके आलोक रंजन घोष को सौंपा है। नूर आलम के अनुसार, आलोक रंजन घोष का खगड़िया से विशेष जुड़ाव रहा है। इसी वजह से उन्हें उम्मीद है कि क्षेत्र की इन महत्वपूर्ण मांगों को वे गंभीरता से लेते हुए संबंधित स्तर पर पहल करेंगे।

सरपंच नूर आलम ने कहा कि उनकी सभी मांगें किसी व्यक्तिगत हित से जुड़ी नहीं हैं, बल्कि गोगरी और आसपास के लाखों लोगों की सुविधा, स्वास्थ्य, आवागमन और बाढ़ से सुरक्षा से संबंधित हैं। उन्होंने संबंधित अधिकारियों एवं सरकार से इन मांगों पर सकारात्मक पहल की उम्मीद जताई है।

दैनिक बिहार पत्रिका
Author: दैनिक बिहार पत्रिका

📰 खबर भेजने के लिए संपर्क करें 📞 +91 9801716267 दैनिक बिहार पत्रिका "सच्ची खबर, सीधे ज़मीन से"

Leave a Comment

ट्रेंडिंग खबर

आपकी राय

[democracy id="1"]

today rashifal

Our Visitor

083492
Users Today : 66
Users Yesterday : 27