
रिपोर्ट:- उमाकांत पोद्दार।
चांदन/बांका:- आश्विन मास की पहली सोमवारी को लेकर रविवार को ही कच्ची कांवरिया पथ पर आस्था का जनसैलाब देखने को मिला। सुल्तानगंज से गंगाजल लेकर देवघर बाबा बैद्यनाथ के जलाभिषेक के लिए निकले कांवरियों की लंबी कतार कच्ची कांवरिया पथ पर नजर आई। पूरा मार्ग भगवा रंग से पटा दिखा और बोल बम तथा हर-हर महादेव के जयघोष से वातावरण भक्तिमय बना रहा। श्रावण मास की तर्ज पर आश्विन मास में भी भगवान भोलेनाथ के प्रति श्रद्धालुओं की आस्था और उत्साह में कोई कमी नहीं दिखी। रविवार को बड़ी संख्या में कांवरिया सुल्तानगंज से जल लेकर देवघर की ओर बढ़ते नजर आए। कई कांवरिया समूह में तो कई परिवार के साथ कांवर यात्रा करते दिखाई दिए। शिवभक्तों ने कहा कि सावन हो या भादो अथवा आश्विन मास, भोलेनाथ के प्रति उनकी आस्था कभी कम नहीं होती। बाबा भोलेनाथ की शक्ति अपार है और उनकी महिमा अपरंपार है। सच्चे मन से बाबा से मांगी गई मन्नत पूरी होने के विश्वास के साथ श्रद्धालु कठिन कांवर यात्रा करते हैं। कांवरिया पथ से गुजरने के दौरान श्रद्धालुओं ने चांदन की गोडियारी नदी का भी आनंद लिया। कई कांवरियों ने नदी में स्नान किया और कुछ देर विश्राम करने के बाद देवघर की ओर अपनी यात्रा जारी रखी। गोडियारी नदी के आसपास भी दिनभर श्रद्धालुओं की चहल-पहल बनी रही।
प्रशासनिक व्यवस्था को लेकर नाराजगी
वहीं, कुछ शिवभक्तों ने कांवरिया पथ पर प्रशासन की ओर से की गई व्यवस्थाओं को लेकर नाराजगी जताई। श्रद्धालुओं का कहना था कि पेयजल, साफ-सफाई, शौचालय, रोशनी और विश्राम सहित अन्य मूलभूत सुविधाओं को और बेहतर किए जाने की जरूरत है। उन्होंने प्रशासन से कांवरिया पथ पर नियमित रूप से बेहतर व्यवस्था बनाए रखने की मांग की। श्रद्धालुओं ने कहा कि सुल्तानगंज से देवघर तक हजारों कांवरिया जल लेकर बाबा बैद्यनाथ के जलाभिषेक के लिए जाते हैं। ऐसे में कांवरिया पथ पर श्रद्धालुओं की सुविधा को देखते हुए मूलभूत व्यवस्थाओं पर विशेष ध्यान दिया जाना चाहिए। रविवार को आश्विन मास की पहली सोमवारी से एक दिन पूर्व कच्ची कांवरिया पथ पर उमड़ी भीड़ ने एक बार फिर दिखाया कि भोलेनाथ के प्रति श्रद्धालुओं की आस्था किसी एक महीने तक सीमित नहीं है। बोल बम और हर-हर महादेव के जयघोष के साथ कांवरिया बाबा बैद्यनाथ के जलाभिषेक के लिए आगे बढ़ते रहे।










