
‘ऑपरेशन नारकोस’ के तहत RPF-GRP की संयुक्त कार्रवाई; तीन महिलाएं हिरासत में, बर्दवान से मादक पदार्थ लाने की बात कही
भागलपुर:- भागलपुर रेलवे स्टेशन पर मादक पदार्थों की तस्करी के खिलाफ चलाए जा रहे ‘ऑपरेशन नारकोस’ के तहत आरपीएफ को बड़ी सफलता मिली है। 23 सितंबर को कविगुरु एक्सप्रेस में जांच के दौरान करीब 17 किलोग्राम गांजा, जिसकी अनुमानित कीमत 8 लाख 82 हजार 500 रुपये बताई गई है, बरामद किया गया। मामले में तीन महिलाओं को हिरासत में लेकर आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए जीआरपी भागलपुर को सौंप दिया गया।
संदिग्ध गतिविधि पर पड़ी नजर
मालदा मंडल के मंडल रेल प्रबंधक मनीष कुमार गुप्ता के मार्गदर्शन और आरपीएफ के मंडल सुरक्षा आयुक्त बारुण कुमार बेहरा के पर्यवेक्षण में मादक पदार्थों की तस्करी के विरुद्ध निगरानी अभियान चलाया जा रहा है। 23 सितंबर को ट्रेन संख्या 13015 कविगुरु एक्सप्रेस में एस्कॉर्ट ड्यूटी के दौरान भागलपुर आरपीएफ कर्मियों की नजर सामान्य श्रेणी के कोच में यात्रा कर रही तीन महिलाओं पर पड़ी। तीनों महिलाएं अपने नाबालिग बच्चों के साथ थीं और उनके पास बैग भी थे। गतिविधि संदिग्ध लगने पर ट्रेन के भागलपुर पहुंचने के बाद जांच की कार्रवाई की गई।
प्लेटफॉर्म 4/5 पर संयुक्त जांच
ट्रेन के भागलपुर रेलवे स्टेशन के प्लेटफॉर्म संख्या 04/05 पर पहुंचने के बाद आरपीएफ और जीआरपी के जवानों ने संयुक्त रूप से जांच की। तलाशी के दौरान तीनों महिलाओं के कब्जे से करीब 17 किलोग्राम गांजा बरामद किया गया। बरामद मादक पदार्थ की अनुमानित कीमत ₹8,82,500 बताई गई है। इसके बाद आरपीएफ ने तीनों महिलाओं को हिरासत में लेकर बरामद गांजा विधिवत जब्त किया और आगे की कानूनी प्रक्रिया के लिए उन्हें जीआरपी, भागलपुर को सौंप दिया।
बर्दवान से लाने की बात
प्रारंभिक पूछताछ में तीनों महिलाओं ने आरपीएफ को बताया कि उक्त मादक पदार्थ बर्दवान रेलवे स्टेशन से ट्रेन में लादा गया था। इस जानकारी के आधार पर मामले की आगे की जांच और कानूनी कार्रवाई संबंधित एजेंसी द्वारा की जा रही है।
पूरे रेल नेटवर्क पर निगरानी
मालदा मंडल की आरपीएफ की ओर से मादक पदार्थों और अन्य प्रतिबंधित वस्तुओं के परिवहन को रोकने के लिए ट्रेनों और रेलवे परिसरों में निगरानी तथा जांच अभियान जारी रखने की बात कही गई है। भागलपुर स्टेशन की यह कार्रवाई भी इसी सतर्कता अभियान का हिस्सा रही, जिसमें संदिग्ध गतिविधि पर नजर पड़ने के बाद संयुक्त जांच के जरिए मादक पदार्थ की बरामदगी की गई।










